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Wednesday, August 15, 2018

फैशन डिजाइनर कैसे बनें पूरी जानकारी - Technology Solution

August 15, 2018 0

i am parthik thakur 

welcome to technogloy  website

क्या आप फैशन डिजाइनर(Fashion Designer) बनना चाहते हैं? यदि हां, तो यह Article आपकी help करेगा. इस step by step कैरियर गाइड को फैशन डिजाइनिंग उम्मीदवारों के मन को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है. यह आलेख इस विषय पर केंद्रित है की – भारत में फैशन डिजाइनर कैसे बनें?

फैशन डिजाइन कपड़ों और उनके सहायक चीजों को डिजाइन करने की कला है. फैशन डिजाइनर स्केच करके डिज़ाइन की योजना बनाते है.फैशन डिजाइनिंग सिर्फ कपड़ों की बुनाई तक ही सीमित नहीं है! फैशन डिजाइनर फैशन trends पर शोध करते हैं. वे नवीनतम रुझानों पर ध्यान देते हैं और अपने दर्शकों की जरूरतों को पूरा करते हैं.
फैशन डिजाइनरों द्वारा किए जाने वाले कुछ महत्वपूर्ण कार्य यहां दिए गए हैं –
  • नवीनतम फैशन प्रवृत्तियों पर अनुसंधान करना (Research on latest fashion trends)
  • उपभोक्ता व्यवहार पर शोध करना (Research on consumer behavior)
  • डिजाइनिंग, स्केचिंग और योजना बनाना (Designing, sketching and planning)
  • सिलाई करना (Tailoring)
  • क्रय-विक्रय करना (Merchandising)
फ़ैशन डिज़ाइनर जो अन्य काम भी करते है उनको किराए पर लेना असामान्य बात नहीं है, ऐसे कुछ पेशेवर जो फैशन डिजाइनर के तहत काम करते हैं वो निचे दिए गए है –
  • तकनीकी डिजाइनर(Technical designer)
  • पैटर्न निर्माता(Pattern maker)
  • दर्जी(Tailor)
  • कपड़ा डिजाइनर(Textile designer)
  • स्‍पष्‍टकर्ता(Illustrator)
  • ड्रेसमेकर (Dressmaker)
फैशन डिजाइनर कपड़े की सामग्री, रंग, परिधान संयोजन, बनावट, पैटर्न बनाने, फैशन के रुझान, बुनाई और सिलाई तकनीक, सिलाई उपकरण, फैशन की खुदरा बिक्री और व्यापार आदि के बारे में जानकारी रखते हैं.
एक धारणा है कि इस क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए रचनात्मक होना जरुरी है. हां, इस क्षेत्र में रचनात्मकता आगे बढ़ने के लिए एक आवश्यक चीज है. लेकिन इसके साथ-साथ फैशन डिजाइनिंग से संबंधित professional course करना भी आवश्यक होता  है!
यहां इस क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए आवश्यक कुछ गुण(qualities ) दिए गए हैं –
  • रचनात्मकता(Creativity)
  • तकनीकी ज्ञान (कपड़ा डिजाइनिंग, वस्त्र आदि)(technical knowledge (textile designing, garments etc))
  • अच्छा सिलाई कौशल(Good tailoring skills)
  • अच्छा ड्राइंग कौशल(Good drawing skills)
  • अच्छी आँखें(Eye for detail)
  • नवीनतम फैशन प्रवृत्तियों में गहरी रूचि(Keen interest in latest fashion trends)
  • अच्छा व्यापार कौशल (व्यापार, लागत प्रबंधन, लेखांकन आदि)(Good business acumen (merchandising, cost management, accounting etc))
  • नेटवर्किंग कौशल(Networking skills)
कुछ लोग कह सकते हैं कि किसी भी professional course से गुजरे बिना फैशन डिजाइनर बनना संभव नहीं  है. लेकिन औपचारिक प्रशिक्षण निश्चित रूप से इस क्षेत्र में insights प्राप्त करने में मदद करेगा किन्तु औपचारिक प्रशिक्षण एक पुरस्कृत करियर बनाने में भी मदद नहीं कर पायेगा.
फैशन डिजाइनिंग पाठ्यक्रम तीन मुख्य प्रारूपों में उपलब्ध हैं. भारत में डिग्री, डिप्लोमा और सर्टिफिकेट कोर्स उपलब्ध हैं.

भारत में फैशन डिजाइनर कैसे बने(STEPS TO BECOME A FASHION DESIGNER IN INDIA)

मैं अपने पाठकों को एक अच्छा स्नातक डिग्री या डिप्लोमा पाठ्यक्रम करने का सुझाव दूंगा. ऐसे पाठ्यक्रम एक अच्छी नौकरियां पाने में मदद करेंगे. इसके अलावा, इन पाठ्यक्रमों का पालन करने के बाद, उच्च शिक्षा (उन्नत पाठ्यक्रम) के लिए जाना अपेक्षाकृत आसान होगा.

1)फैशन डिजाइन कोर्स का चयन करें(CHOOSE A RELEVANT FASHION DESIGNING COURSE)

पहला कदम एक relevant फैशन डिजाइनिंग कोर्स चुनना है. भारत में कुछ बेहतरीन डिग्री और डिप्लोमा फैशन डिजाइनिंग पाठ्यक्रम यहां दिए गए हैं –
  • Bachelor of Fashion Technology
  • Bachelor of Fashion Design
  • Bachelor of Design (B.Des.) Fashion Design
  • Bachelor of Design (B.Des.) Leather Design
  • Bachelor of Design (B.Des.) Textile Design
  • Bachelor of Design (B.Des.) Accessory Design
  • Bachelor of Design (B.Des.) Fashion Communication
  • Bachelor of Design (B.Des.) Knitwear Design
  • Bachelor Degree in Retail and Fashion Merchandise
  • Diploma in Fashion Technology
  • Diploma in Fashion Design
  • Diploma in Apparel Design
  • Diploma in Jewellery Design
  • Diploma in Fashion Photography
  • Diploma in Retail Merchandising
  • Diploma in Leather Design
  • Diploma in Textile Design
  • Diploma in Visual Merchandising

2)पात्रता मानदंड पूर्ण करे (SATISFY THE ELIGIBILITY CRITERIA)

प्रत्येक पाठ्यक्रम का अपना पात्रता मानदंड होता है. प्रवेश सुरक्षित करने के लिए, आपको उस विशेष पाठ्यक्रम को आगे बढ़ाने के लिए अकादमिक रूप से योग्य होना चाहिए. उपरोक्त वर्णित कुछ पाठ्यक्रमों के मामलों में 10 + 2 पास पात्रता मानदंड है. योग्यता मानदंड एक कोर्स से दूसरे में भिन्न हो सकते हैं.

3)सुरक्षित प्रवेश(SECURE ADMISSION)

प्रतिष्ठित संस्थान मेरिट आधारित प्रवेश प्रक्रिया पर भरोसा करते हैं. योग्य उम्मीदवारों को प्रवेश परीक्षा / बोर्ड परीक्षा / दोनों के संयोजन में उनके द्वारा बनाए गए अंकों के आधार पर सीट आवंटित की जाती है.
यहां कुछ प्रासंगिक फैशन डिजाइनिंग प्रवेश परीक्षाएं दी गई हैं –
  • NIFT Entrance Exam
  • Pearl Academy Entrance Exam
  • NID Entrance Exam
  • CEED
  • UCEED
  • AIEED
  • SOFT
  • IICD

4)अकादमिक कार्यक्रम पूरा करें( COMPLETE THE ACADEMIC PROGRAM)

फैशन डिजाइनिंग पाठ्यक्रम में कक्षा व्याख्यान(Class Lecture) और व्यावहारिक (Practical) ज्ञान का समग्र मिश्रण होता है.

विकास संभावना(CAREER PROSPECTS)

फैशन डिजाइनरों के सामने पर्याप्त नौकरी के अवसर उपलब्ध हैं. कुछ प्रमुख भर्ती कर्ता निम्न  हैं –
  • Apparel manufacturing firms
  • Clothing manufacturing firms
  • Fashion retailers
  • Government handloom departments
  • TV and Film production houses
उद्यमिता(Entrepreneurship) भी फैशन डिजाइनरों के सामने एक उत्कृष्ट अवसर उपलब्ध करता है. वे एक स्वतंत्र फैशन डिजाइनर, परामर्शदाता, ड्रेसमेकर या खुदरा विक्रेता के रूप में काम कर सकते हैं.
तो दोस्तों आपको हमारा यह पोस्ट फैशन डिजाइनर(Fashion Designer) कैसे बनें ? की जानकारी कैसी लगी comment के द्वारा जरुर बताये और इसे अपने social media एकाउंट्स में शेयर जरुर करे.
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Friday, August 3, 2018

दुनिया में सबसे ज्यादा बिकते हैं Top Mobile Seller company of India - Technology Hindi Solution

August 03, 2018 0

i am parthik thakur 

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दुनिया में सबसे ज्यादा बिकते हैं Top Mobile Seller company of India 

World Me sabse Jyada Smartphone Kaun si Campany Sale Karti hai. Digital Kranti में Mobile बहुत ही सस्ता हो गया है. लेकिन, कुछ ऐसी भी Company है जो बहुत ही सस्ते दामों पर मोबाइल बेच रही है. आज के पोस्ट में हम वैसी ही Company के बारें में बात करेंगे. Top Mobile Seller company of India

Best Mobile Company

Digital Era (युग) की शुरुआत तो कब का हो चुका है लेकिन, Reliance Jio के आने के बाद इसका असर देखने को मिला है. अब कोई भी Data के लिए रोता नहीं है. लेकिन आज आटा (Flour) Data से ज्यादा महंगा हो गया है. हल ही में JIO का नया Plan Rs. 49 का आया है जिसमे Daily daily 1 GB 4G Data दिया जा रहा है.
किसी अन्य पोस्ट में आटा और डाटा के बारें में विस्तार से बात करूँगा. इस पोस्ट में हम जानेंगे दुनिया में सबसे ज्यादा मोबाइल फ़ोन बेचने वाली कंपनी कौन  है ?
 इस Website का 90% User Mobile users है. इसका मतलब अभी आप भी mobile में ही यह Article पढ़ रहे हो. दुनिया में आज बहुत कम ही लोग हैं जो स्मार्टफोन का उपयोग नहीं करते हैं. इसके पीछे पहला और दमदार वजह उन्हें इसका इस्तेमाल करना नहीं आता है या उनके पास समय नहीं है.
Sallary 10 हज़ार रुपए महिना हो तो भी 25000 रुपए का मोबाइल रखते हैं. देश का कुछ हिस्सा ऐसा भी है जहाँ स्थिति थोडा अलग है. लेकिन वहाँ भी Smartphone देखने को मिल जायेगा. मोबाइल हमारी जरूरत बन चुकी है. Banking, Train Ticket, News, Entertainment सभी जगह Mobile User का बोलवाला है. अब वे दिन बीत चुके हैं, जब मोबाइल फोन का प्रयोग केवल कॉल सुनने/करने और एसएमएस भेजने/पढने के लिए किया जाता था.

Best Mobile Specification

प्रौद्योगिकी (Technlogy) में विकास के साथ ही मोबाइल फोन अब फोन नहीं रहा, बल्कि ‘SMART Phone’ बन चुका है. नाम से पहले Smart लग गया मतलब यह फ़ोन बहुत ही स्मार्ट होता है. इसके Smart का Level Check करने के लिए इसका मूल्य (Price) जानना जरूरी होता है. Mobile में प्रयोग किया गया Technology बताता है मोबाइल कितना स्मार्ट है.
  • RAM
  • Internal Memory
  • Expandable Memory
  • Primary Camera
  • Secondary Camera
  • Flash
  • Touch Glass
  • Screen Size
  • Processor
इसके अलावे भी कई बातों को ध्यान में रखा जाता है लेकिन ये सभी मुख्य बातें हैं. स्मार्टफोन लोगों की दैनिक जीवन की कई जरूरतों को पूरा करते हैं. अब तो बेसिक फोन के मॉडल में भी इंटरनेट और कैमरा जैसी सुविधाएं मिलने लगी है. Jio Phone इसका उदहारण है.

Top Mobile Seller Company of India

आइए जानते हैं कि दुनिया में किन 05 कंपनियों का स्मार्टफोन सबसे ज्यादा बिकता है.

SamSung

Samsung दक्षिण कोरिया की कंपनी है. Mobile Market में इसका अपना जलवा है. Android के आने के बाद इसने अपने फ़ोन में बहुत बदलाव किया और NOKIA के Market से Out होते ही इसने अपना अधिकार कायम कर लिया. खुद के लिए Mobile बनाने के साथ – साथ यह दूसरी स्मार्टफोन कंपनियों को भी स्मार्टफोन के चिप और स्क्रीन की आपूर्ति करती है. बीते साल Samsung और Apple दोनों मिलकर सबसे ज्यादा Semi Conductor Cheap ख़रीदा है.
विश्व बाज़ार में 23.3 प्रतिशत की हिस्सेदारी Samsung का ही है और भारत में भी सबसे ज्यादा फोन इसी कंपनी का बिकता है. कंपनी साल 2017 में अपने कारोबार में 1.4 प्रतिशत के बढ़ोत्तरी के साथ कम बजट में लोगों को फ़ोन देने वाली Company भी बन गई है. 2011 से ही Company के सभी model ने ग्राहकों का दिल जीत रखा है. पिछले साल Samsung Company कुल 7.98 करोड़ स्मार्टफोन की बिक्री की है.

Apple

Apple आज युवाओं के बीच status Symbol बना हुआ है. लेकिन इस Company का फ़ोन सभी के बजट में नहीं आ सकता है. इसके बावजूद Samsung के बाद इसका ही नंबर है और कंपनी की बाजार हिस्सेदारी 12 प्रतिशत का है. कंपनी ने पिछले साल दुनिया भर में कुल 4.1 करोड़ आईफोन्स की बिक्री के साथ 1.5 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है. स्मार्टफोन ही नहीं, बल्कि एप्पल द्वारा बनाए गए सभी उत्पाद चाहे वह मैकबुक, आईपैड, सभी बेहतरीन होते हैं और उच्च स्तर की प्रौद्योगिकी से लैस होते हैं.
एप्पल का नया आईफोन एक्स पिछले साल नवंबर और दिसंबर में दुनिया के विभिन्न बाजारों में लांच किया गया था, जिसकी हर जगह जबरदस्त मांग है और कंपनी मांग के हिसाब से इस फोन का उत्पादन नहीं कर पा रही है। इसके कारण खरीदार इस फोन का इंतजार करते हैं.

Huawei

Huawei चीन ki कंपनी है जिसका Smartphone बाज़ार में बहुत बिक रहा है. इसका Market हिस्सेदारी 11.3 प्रतिशत का है. पिछले साल इस कंपनी ने कुल 3.85 करोड़ स्मार्टफोन की बिक्री की है. कंपनी का सभी Model का Performance बहुत ही अच्छा है.
भारतीय बाज़ार में इस कंपनी का फ़ोन लोगों को बहुत लुभा रहा है. लेकिन, अमेरिकी बाजार में कंपनी का प्रदर्शन अभी उतना अच्छा नहीं है, यही कारण है कि शीर्ष 10 की सूची में कंपनी तीसरे नंबर पर है. कंपनी स्मार्टफोन के अलावा कंप्यूटर, टैबलेट और ब्राडबैंड उपकरण भी बनाती है.
इसके साथ ही Huawei अन्य telecom company के लिए कई उपकरण बनती है. Huawei BTS के साथ Cloud Computing, Wireless Private Network, Digital Banking, Digital Transportation से related भी कई अन्य Services provide करती है.

OPPO

OPPO भी Chinese कंपनी है जिसका भारतीय बाज़ार में बहुत Demand है. SmartPhone बिक्री के मामले में OPPO दुनिया में चौथे नंबर पर है. कंपनी ने साल 2017 में दुनिया भर में कुल 2.78 करोड़ स्मार्टफोन की बिक्री कर 8.1 प्रतिशत का बाज़ार हिस्सेदारी बनाया. Oppo Phone Camera Phone के लिए जाना जाता है. इसके सभी मॉडल का कैमरा दुसरे कंपनी के फोन से ज्यादा अच्छा है.
कंपनी इसके पिछले साल की तुलना में अपनी बाजार हिस्सेदारी में 1.5 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की है. चीन की यह कंपनी अपने अंतर्राष्ट्रीय कारोबार का तेजी से विस्तार कर रही है, खासतौर से दक्षिणपूर्व एशिया के बाजारों में कंपनी की पैठ तेजी से बढ़ी है. भारत में कंपनी ने तेजी से अपने नेटवर्क का विस्तार किया है और आक्रामक विज्ञापन अभियान चलाया है. यही कारण है कि हर जगह कंपनी के विज्ञापन प्रमुखता से दिखते हैं.

XIOMI

Xiomi नोट 4 भारत में सबसे ज्यादा बिकने वाला फोन है. विश्व बाज़ार स्तर पर कंपनी पांचवे नंबर पर है. कंपनी ने पिछले साल दुनिया भर में कुल 2.12 करोड़ स्मार्टफोन की बिक्री की और इसकी बाजार हिस्सेदारी 6.2 प्रतिशत की है. भारतीय बाजार पर Xiomi का ध्यान बहुत ज्यादा है इसके लिए यह Company ने गज़ब का Advertisement Idea अपना रही है.
शुरूआती दिनों में Xiomi Online अपना फ़ोन बेच रही थी लेकिन, अब आॅफलाइन नेटवर्क का विस्तार कर रही है. कंपनी ने पिछले छह महीनों में भारत में अपने सर्विस सेंटर की संख्या को दोगुना कर लिया है. कंपनी स्मार्टफोन के अलावा लैपटॉप और उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स सामानों का भी उत्पादन करती है. कंपनी की नजर अब वैश्विक ड्रोन बाजार है और इस साल वह ड्रोन के कई किफायती और प्रीमियम मॉडल लांच करने वाली है.
Conclusion : यह था दुनिया में सबसे ज्यादा मोबाइल फ़ोन बेचने वाले कंपनी का लिस्ट आप किस Company का Phone use करते हो और उसका feedback क्या है Comment में जरूर बताएं. यह review data के आधार पर बनाया गया है. जिसमे कई वेबसाइट का सहारा लिया गया है. आपका Feedback सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है, Comment के माध्यम से हम तक जरूर पहुचाएं.
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LPG Subsidy बैंक खाता से कैसे लिंक करें - Technology Solution

August 03, 2018 0

i am parthik thakur 

welcome to technology  website

LPG Subsidy ke liye Bank Account Kaise Link Kare LPG Subsidy Amount Status Kaise Check kare Subsidy Kya hai Check LPG Subsidy Status
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                                  Subsidy Kya Hai

What is Subsidy in Hindi, सब्सिडी यानी छूट, सरकार का एक उद्देश्य जरूरी चीजें को आम आदमी तक पहुँचाना भी है. लेकिन कई ऐसी चीज़ है जिसका कीमत सभी लोग अदा नहीं कर सकता है. इन सभी जरूरी सामान जैसे तेल, गैस, फर्टिलाईजर, रेल किराया और खाद्य सामग्री कम कीमत पर लोगों तक पहुँचाने के लिए सरकार वित्तीय मदद प्रदान करती है. जिसे सब्सिडी कहते हैं.
सब्सिडी का मकसद आर्थिक रूप से कमजोर लोगों तक जरूरी सामान पहुंचाना है. लेकिन, कुछ लोग मोटी कमाई के बावजूद भी इन चीजों पर सब्सिडी का फायदा उठा रहे हैं. सरकार उन सभी लोगों से एलपीजी पर मिल रही सब्सिडी छोड़ने की अपील कर रही है जो सामर्थ्य है. सब्सिडी का मकसद वित्तीय प्रणाली को सुचारू रूप से चलना और देश के नागरिक को आत्मनिर्भर बनाना है. Subsidy कांग्रेस सरकार द्वारा लिया गया अहम फैसला था जिससे कालाबाजारी रोकने अथवा कम करने में काफी हद तक मदद मिली है.

Types of Subsidy

  • Food Subsidy 
  • Farmer Subsidy 
  • Petroleum Subsidy
  • Tax Subsidy
  • Religious Subsidy
  • Interest Subsidy
  • Fertilizer Subsidy

What is LPG Subsidy in Hindi

LPS सब्सिडी मतलब घरेलु गैस पर सरकार द्वारा दी जाने वाली छूट है. यह छूट उन लोगों के लिए जो सही मायने में गरीब हैं. प्रधानमंत्री मोदी ने उज्जवल योजना के तहत इस कार्य का शुरुआत किया. लेकिन कुछ सामर्थ्य लोग भी इसका फायदा उठा रहे हैं. ऐसी बातों को रोकने के लिए ही ही गैस ग्राहक को आधार कार्ड लिंक करने को किया गया है.
यदि आप सब्सिडी के दायरे में आते हैं तो इसका लाभ लीजिये लेकिन यदि सब्सिडी छोड़ सकते हैं तो जरूर छोडिये इस्ससे कई दूसरे लोगों को फायदा होगा.

Hot Trending Topic :

About LPG


  • LPG पर खाना बनाना बहुत आसान है और इसी वजह से देश के नागरिकों के लिए आवश्यक सुविधा बन गयी है.
  • इसके बिना दैनिक जीवन में कई कठिनाई आ सकती है.
  • अब लोगों के पास समय का बहुत आभाव है और ऐसे में लकड़ी के चूल्हे पर खाना बनाना आसान नहीं है.
  • वैसे ग्राहक जो LPG Connection भारत सरकार द्वारा जरी किया गया ‘पहल योजना’ के अंतर्गत लिए हैं.
  • उनका एलपीजी सब्सिडी उनके बैंक खाते में जाती है.
  • सब्सिडी का लाभ उठाने के लिए ग्राहक को आधार नंबर एलपीजी और बैंक अकाउंट से लिंक कराना अनिवार्य है.
  • आधार कार्ड एलपीजी से लिंक करने के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीका अपना सकते हैं.
  • ऑफलाइन आधार लिंक करने के लिए बैंक से सब्सिडी फॉर्म लेकर सभी आवश्यक दस्तावेज़ों के साथ जमा करना होता है.
  • गैस सब्सिडी के लिए नेट बैंकिंग के जरिये ऑनलाइन बैंक में आधार नंबर जोड़ सकते हैं.

LInk Aadhar Card to Bank Account for LPG Subsidy


भारत, एचपी, इंडेन सभी गैस कंपनी के ग्राहक LPG Gas Connection से आधार नंबर लिंक करवा सकता है. इसके लिए नीचे दी गई जानकरी फॉलो करें.

Toll Free Number 

Toll Free Number पर कॉल कर भी यह काम किया जा सकता है. इसके लिए 18000 2333 555 इस नंबर पर कॉल करें और दिए गए निर्देशों का पालन करें.

SEND SMS

SMS कर आधार जोड़ने के लिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से मेसेज भेजना होता है.

गैस एजेंसी में आवेदन देकर

Gas Agency और bank दोनों जगह आवेदन देना होगा. यहाँ दो तरीका बताया जा रहा है
जब ग्राहक के पास आधार कार्ड हो
नीचे दिए गए लिंक से Form डाउनलोड कर प्रिंट निकल लें.
इस फॉर्म को सावधानी से भरें.
  • Form 1 Bank में जमा करना है.
  • Form 2 Gas agency में जमा करना है.
जब ग्राहक के पास आधार कार्ड नहीं हो
नीचे दिए गए लिंक से Form डाउनलोड कर प्रिंट निकल लें.
इस फॉर्म को सावधानी से भरें.
  • Form 1 Bank में जमा करना है.
  • Form 2 Gas agency में जमा करना है.

Online Link 

ऑनलाइन आधार लिंक करने के लिए नीचे दिए गए स्टेप्स फॉलो करें.
  • https://rasf.uidai.gov.in/ इस लिंक को ओपन कर सभी जानकारी भरें.
  • एलपीजी के विकल्प में स्कीम चुने.
  • इंडेन गैस के लिए आईओसीएल, भारत गैस के लिये बीपीसीएल और एचपी गैस के लिए एचपीसीएल
  • एलपीजी उपभोक्ता संख्या के अनुसार एलपीजी वितरकों के विकल्प में से अपना विकल्प चुनें.
  • मोबाइल नंबर, ईमेल एड्रेस और आधार संख्या भरें.
  • दिए गए मोबाइल नंबर और ई मेल आईडी पर एक ‘वन टाइम पासवर्ड’ आएगा.
  • OTP Verify कर दें.
ग्राहक द्वारा दी गई सभी जानकारियों के सत्यापन बाद ग्राहक के मोबाइल और ई मेल पर आधार के बैंक अकाउंट के लिंक होने का मेसेज भेज दिया जाता है.
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Sunday, July 22, 2018

प्रिंटर क्‍या है ? प्रिंटर खरीदते वक्त क्या क्या बातों का ध्यान रखना चाहिए- Technology Hindi Solution

July 22, 2018 0

i am parthik thakur 

welcome to technogloy  website

प्रिंटर खरीदते वक्त क्या क्या बातों का ध्यान रखना चाहिए Explain different type of Printers

Printers Kya hota hai : प्रिंटर एक external output डिवाइस है जो की कंप्यूटर से डाटा इनपुट लेती है एंड इसका आउटपुट हार्ड कॉपी की फॉर्म मे मतलब पेपर पर प्रिंट करके देती है| प्रिंटर डिवाइस इनपुट मे टेक्स्ट एंड ग्राफ़िक कंटेंट accept कर सकती है एंड accept की गयी इनफार्मेशन को पेपर पर print कर सकती है| अगर आपका प्रिंटर ब्लैक एंड वाइट है but इनपुट color है तो भी आउटपुट मे ब्लैक एंड वाइट ही प्रिंट होगा जबकि कलर प्रिंटर होने पर आउटपुट मे वही प्रिंट होगा जो की आप इनपुट मे देंगे| अलग अलग प्रिंटर्स की अलग अलग size, speed, memory एवं cost हो सकती है और actual कॉस्ट depend करती है की उसके features क्या क्या है| जितना महंगा प्रिंटर होगा उसकी memory, speed and resolution भी उतना ही अच्छा होगा|




जो प्रिंटर्स हाई DPI (dots per inch) सपोर्ट करते है उनकी प्रिंटिंग क्वालिटी low DPI printer की तुलना मे ज्यादा अच्छी होती है क्योकि high resolution मे डॉक्यूमेंट को प्रिंट कर सकते है। ज्यादातर प्रिंटर कम्प्यूटर्स से कनेक्ट हो कर use किये जाते है जबकि बहुत सारे प्रिंटर्स business purpose के लिए केवल copying मशीन के लिए भी काम मे लिए जाते है| प्रिंटर्स को कंप्यूटर से कनेक्ट करने के आलावा डिजिटल कैमरा से भी कनेक्ट करके डॉक्यूमेंट प्रिंट किया जा सकता है|
आपने हार्डकॉपी टर्म तो बहुत सुनी होगी तो क्या आप जानते है इसका मतलब क्या होता है। यहाँ पर हम आपको बता दे की generally यह टर्म प्रिंटेड पेपर के लिए use की जाती है। जब कोई प्रिंटर पेपर पर प्रिंट करता है तो उस कॉपी को हार्ड कॉपी कहते है जो की एक सॉफ्ट कॉपी का या इलेक्ट्रॉनिक डॉक्यूमेंट का फिजिकल version होता है।
2 D and 3 D Printers : अभी कुछ समय पहले तो केवल 2 D printers ही काम मे आते थे लेकिन टेक्नोलॉजी के बढ़ने के साथ साथ 3 D प्रिंटर भी पॉपुलर होते जा रहे है| 2 D printers तो वो सभी प्रिंटर्स है जो हम इतने सालो से देखते आ रहे है एंड पेपर पर डॉक्यूमेंट को प्रिंट करने के लिए काम मे लेते है लेकिन 3 D प्रिंटर्स से अलग अलग तरह की shape डिज़ाइन करने के लिए काम मे लिए जाते है| 3 D printer का use करके कंप्यूटर से किसी image file को three dimensional सॉलिड ऑब्जेक्ट्स की शेप मे प्रिंट करते हुए बनाया जा सकता है| चलिए यहाँ पर हम आपको बताते है की 2 D प्रिंटर कितने तरह के होते है|
It can be classify in two main category –
Impact printers: ये प्रिंटर्स electro-mechanical मैकेनिज्म का उपयोग करते हुए प्रिंट करते है जिसमे की प्रिंटर के pins, रिबन एंड पेपर पर strike करते हुए print करते है। es वजह से ये प्रिंटर, प्रिंटिंग के समय आवाज करते है। Example of Impact Printers – Line, Dot Matrix, Drum, daisy wheel printers|
Non-impact printers : ये प्रिंटर्स इम्पैक्ट प्रिंटर्स की तुलना मे ज्यादा शांत होते है एवं प्रिंटिंग करते वक़्त आवाज नहीं करते क्योकि इसमें Pins स्ट्राइक करने जैसा कुछ नहीं होता। इस तरह के प्रिंटर की क्वालिटी एवं स्पीड ज्यादा अच्छी होती है। Examples of Non impact Printers – Ink Jet, Laser Printers|
प्रिंटर खरीदते वक्त क्या क्या बातों का ध्यान रखना चाहिए-
  1. प्रिंटर मेमोरी : अगर आपके प्रिंटर की मेमोरी ज्यादा होगी तो आप बड़ी files जिसमे images, tables या rich कंटेंट हो वो easily प्रिंट कर सकते है| इसलिए प्रिंटर लेने से पहले इसकी memory जरूर चेक कर लेनी चाहिए|
  2. Resolution – प्रिंटिंग क्वालिटी प्रिंटर के resolution के ऊपर depend करती है इसलिए आपको देख लेना चाहिए की प्रिंटर कितना resolution support कर सकता है|
  3. Color or Black & white Printer : आपको आपकी जरूरत के अनुसार Printer choose krna chahiye |
  4. Printing Cost – जब आप प्रिंटर लेते है तो ये जानना जरुरी है की हर page प्रिंट करने पर कितनी कॉस्ट आती है| इसके लिए printer cartridge की cost पता करनी चाहिए |
  5. Number of pages it can print in a single cartridge – एक cartridge मे प्रिंटर कितने पेज प्रिंट कर सकता है ये जानने से आपको printing कॉस्ट निकालने मे आसानी होगी|
  6. Cost to refile cartridge – एक बार cartridge खाली हो जाती है तो उसको riffle करने की cost क्या आती है ये जानना बहुत जरुरी है|
  7. Printer Network प्रिंटर है या नहीं – अगर आप चाहे तो प्रिंटर को नेटवर्क या wifi से कनेक्ट करके भी प्रिंट ले सकते है| इसलिए अपनी जरुरत के हिसाब से ये देखना जरुरी है की आपको printer मे नेटवर्क चाहिए या नहीं|
  8. प्रिंटर स्पीड – प्रिंटर स्पीड जितनी ज्यादा होगी प्रिंटर उतनी ही फ़ास्ट स्पीड से पेपर प्रिंट कर सकेगा|
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EMail Address or ID Kya hota hai - example in hindi

July 22, 2018 0

What is an Email Address give an example

EMail Address or ID Kya hota hai : पूरी दुनिया मे हज़ारो सालो से सभी लोगो की सबसे बड़ी जरूरत एक जगह से दूसरी जगह पर रहने वाले तक अपनी बात पहुंचाने की रही है अब वो बात चाहे कारोबार से सम्बंधित हो या अपने किसी निजी काम से लेकिन एक जगह से दूसरे जगह तक अपना सन्देश पहुंचाने के लिए लोग अलग अलग तरीका उपयोग करते रहे है। कुछ सालो पहले तक तो ये तरीका केवल और केवल मैन्युअल ही था 

जिसमे हम एक एड्रेस से दूसरे एड्रेस पर अपना सन्देश भेजने के लिए चिट्टी व् पोस्ट ऑफिस का उपयोग करते थे लेकिन अब बहुत सारे संचार माध्यम आ गए है जैसे मोबाइल फ़ोन, इंटरनेट वीडियो कॉल और ईमेल। आजकल जब भी किसी को एक जगह से दूसरे जगह पर अपना सन्देश देना हो (बिना किसी कॉल उपयोग किये) तो उसके लिए ईमेल उपयोग की जाती है| ईमेल माध्यम उसी प्रकार का है जैसे बहुत सालो पहले तक आप पोस्ट ऑफिस के माध्यम से चिट्टी भेजा करते थे लेकिन वो तरीका बहुत धीमा, अविश्वसनीय व् मैन्युअल था एवं उसमे सन्देश पहुंचने मे कई कई दिन लग जाते थे। जब से लोगो के हाथ टेक्नोलॉजी लगी है तो अब ये बहुत आसान हो गया है एवं अब लोग इंटरनेट के साथ ईमेल का उपयोग करके कोई भी मैसेज किसी को कुछ सेकण्ड्स मे पंहुचा सकते है। Click here to read Email address in English 
                   
Email address एक unique ID होता है जिसमे इंटरनेट की हेल्प से आप अपना मैसेज कही से भी किसी भी जगह पर आसानी से भेज एवं receive भी सकते है। फिजिकल मेल या पुराने मेल (चिट्टी व् डाक ऑफिस) की तरह इसमें भी एक चीज सामान है की जो मैसेज भेज रहा है और जिसको मैसेज भेजा जा रहा है उसके पास एक unique एड्रेस होना चाहिए।
किसी भी email address के दो पार्ट होते है – फर्स्ट पार्ट आपका अपना ID (जो की आप अपनी मर्ज़ी से उपलब्ध्ता के बेस पर कुछ भी रख सकते है) और दूसरा डोमेन नाम। ये फर्स्ट पार्ट एंड सेकंड डोमेन नाम वाला पार्ट एक दूसरे से @ से जुड़े होते है। जैसे – amit@yahoo.com, अमित ईमेल का पहला पार्ट है एवं yahoo.com डोमेन नाम यानी दूसरा पार्ट है। ईमेल एड्रेस का सेकंड पार्ट जो की domain-part होता है वो एक कंपनी का Domain name होता है जो की ईमेल सर्विस प्रोवाइड करती है। जैसे की gmail.com या yahoo.com।
आपको किसी को मेल करने के लिए सबसे पहले किसी भी डोमेन सर्विस पर जाना होगा जैसे की मान लो की आप जीमेल.कॉम पर अपना ईमेल एड्रेस क्रिएट करना चाहते है तो आपको अपने कंप्यूटर या मोबाइल के Browser पर जा कर जीमेल.कॉम टाइप करना होगा एवं यहाँ पर नया अकाउंट क्रिएट करना होगा। 
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